नई दिल्ली: गूगल की मालिक कंपनी अल्फाबेट आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बढ़ते विकास के बीच अपने इन-हाउस क्लाउड कंप्यूटिंग को बढ़ावा देने के लिए साइबर सिक्योरिटी फर्म विज को खरीद लिया. जानकारी के अनुसार यह डील 32 बिलियन अमेरिकी डॉलर (2.7 लाख करोड़ रुपये) का है. अधिग्रहण गूगल के 26 साल के इतिहास में सबसे बड़ा सौदा है और यह 2025 का सबसे बड़ा डील होगा.बता दें कि स्टार्टअप ने पिछले साल जुलाई में 23 बिलियन अमेरिकी डॉलर के बायआउट प्रस्ताव को खारिज कर दिया था. इसके बाद कथित तौर पर इसने आरंभिक सार्वजनिक पेशकश (आईपीओ) पर काम करने की योजना बनाई थी
. विज गूगल क्लाउड में शामिल हो जाएगा, जिससे एआई के युग में गूगल की इन-हाउस क्लाउड सुरक्षा को बढ़ावा मिलेगा. इससे क्लाउड कंप्यूटिंग बाजार में कंपनी की स्थिति मजबूत होगी, जिस क्षेत्र में अभी अमेज़न और माइक्रोसॉफ्ट का दबदबा है.विज के सीईओ असफ रप्पापोर्ट ने एक ब्लॉग पोस्ट में कहा कि विज और गूगल क्लाउड दोनों इस विश्वास से प्रेरित हैं कि क्लाउड सुरक्षा को अधिक आसान, अधिक सुलभ, अधिक बुद्धिमान और लोकतांत्रिक बनाने की आवश्यकता है, ताकि अधिक संगठन क्लाउड और एआई को सुरक्षित रूप से अपना सकें और यूज कर सकें.गूगल के सीईओ सुन्दर पिचाई ने एक बयान में कहा कि गूगल क्लाउड और विज मिलकर क्लाउड सुरक्षा को बेहतर बनाएंगे और एकाधिक क्लाउड का उपयोग करने की क्षमता को बढ़ाएंगे.













