गुंटूर: आधुनिक तकनीक से शहरों में एयर टैक्सी उपलब्ध कराने के प्रयास दुनिया भर में किए जा रहे हैं. इस दौड़ में चीन, अमेरिका जैसे देश ही आगे हैं. आंध्र प्रदेश के गुंटूर जिले के युवक चावा अभिराम इस प्रतिस्पर्धा में शामिल होकर एयर टैक्सी विकसित कर रहे हैं. उन्होंने ‘मैग्नम विंग्स’ कंपनी की स्थापना की है और एयर टैक्सी का सफल परीक्षण किया है. इस प्रोजेक्ट की खासियत यह है कि मोटर को छोड़कर सभी उपकरण आंध्र प्रदेश में बने हैं.गुंटूर के चावा अभिराम ने अमेरिका में रोबोटिक्स इंजीनियरिंग में मास्टर डिग्री पूरी की है. वह 2019 में एयर टैक्सी के निर्माण पर काम कर रहे हैं. उनका कहना है कि हम अपने देश में एक संस्थान स्थापित करने के इरादे से यहां आए हैं. इस बात का अच्छी तरह से अध्ययन किया गया कि ट्रैफिक से जूझ रहे शहरों में एयर टैक्सी उपलब्ध कराना उपयोगी होगा. उन्होंने देश और विदेश में एयर टैक्सी के क्षेत्र में चल रहे शोध की समीक्षा की.
बाद में, 2019 में उन्होंने गुंटूर के बाहरी इलाके नल्लाचेरुवु में मैग्नम विंग्स नामक कंपनी की स्थापना की और एक छोटी एयर टैक्सी बनाई.एयर टैक्सी के साथ चावा अभिरामएयर टैक्सी के साथ चावा अभिराम ।इस एयर टैक्सी क डिजाइन ऐसा है कि इसे पायलट के बिना रिमोट से कंट्रोल किया जा सकता है. अभिराम ने इस वाहन को सफलतापूर्वक लॉन्च किया. हालांकि, नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ऐसे वाहनों को पायलट के बिना परिचालन की अनुमति नहीं देता है, इसलिए अब अभिराम पायलट की सीट के साथ कुल तीन सीटों वाली एयर टैक्सी बना रहे हैं.
इस प्रोजेक्ट में सभी स्वदेशी उपकरणों का इस्तेमाल किया जा रहा है.दो सीटों वाली एयर टैक्सी को वी2 नाम दिया गया है. सफल उड़ान परीक्षण के अब इसका दूसरा संस्करण विकसित किया गया. अगले कुछ महीनों में तीन सीटों वाले एक्स-4 मॉडल का परीक्षण किया जाएगा.कैब की कीमत पर एयर टैक्सी यात्राचावा अभिराम ने बताया कि वी2 टैक्सी एक उड़ान में अधिकतम 40 किमी दूरी तय कर सकती है और 1,000 फीट की ऊंचाई पर इसकी अधिकतम गति 100 किमी प्रति घंटा है. एक्स-4 एयर टैक्सी 20,000 फीट की ऊंचाई पर 300 किमी की दूरी तय कर सकती है और 300 किमी की गति तक पहुंच सकती है. इससे लंबी दूरी की यात्रा में मदद मिलेगी.
एयर टैक्सीएयर टैक्सी ।उन्होंने कहा कि वी2 मॉडल की कीमत 2 करोड़ रुपये है. एक्स-4 की कीमत 8 करोड़ रुपये है. उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य कैब की कीमत पर एयर टैक्सी यात्रा उपलब्ध कराना है. उन्होंने बताया कि उनकी एयर टैक्सी बैटरी की मदद से चलती हैं और हवाई मार्ग में कम दूरी होने के कारण रखरखाव का खर्च भी ज्यादा नहीं आता.एयर टैक्सी नीति की प्रक्रिया जारीभारत में, बेंगलुरु और चेन्नई जैसे शहरों में भी एयर टैक्सी का प्रयोग किया जा रहा है. एयर टैक्सी नीति अभी मसौदा तैयार करने के चरण में है. औपचारिकताएं पूरी होने के बाद, मंजूरी की प्रक्रिया शुरू होगी. उसके बाद, एयर टैक्सी उपलब्ध होंगी. अभिराम ने कहा कि इस प्रक्रिया को पूरा होने में तीन साल लगेंगे. मैग्नम विंग्स न सिर्फ एयर टैक्सी सेवाएं प्रदान करेगी, बल्कि खरीदने वालों को सप्लाई भी करेगी.












