रायपुर, 14 जनवरी 2025 — छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राज्य के किसानों के हित में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए रबी फसल की स्थिति और सिंचाई योजनाओं की गहन समीक्षा की। मुख्यमंत्री ने कृषि, जल संसाधन और राजस्व विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि किसानों को समय पर पानी, खाद और तकनीकी सहायता उपलब्ध हो। उन्होंने स्पष्ट कहा कि छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था की रीढ़ किसान हैं और उनकी समस्याओं का समाधान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।बैठक में मुख्यमंत्री को बताया गया कि इस वर्ष रबी फसल का रकबा बढ़ा है, लेकिन कुछ जिलों में जलस्तर कम होने के कारण सिंचाई को लेकर चिंता बनी हुई है। इस पर मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि जिन क्षेत्रों में नहरों और जलाशयों से पानी की आपूर्ति कम है, वहां वैकल्पिक सिंचाई व्यवस्था की जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि डीज़ल पंप, नलकूप और लिफ्ट इरिगेशन योजनाओं को तुरंत सक्रिय किया जाए, ताकि फसल को नुकसान न हो।मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किसानों को फसल बीमा योजना का अधिकतम लाभ दिलाने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि किसी भी प्राकृतिक आपदा या फसल क्षति की स्थिति में किसानों को मुआवजा मिलने में देरी नहीं होनी चाहिए। इसके लिए उन्होंने राजस्व विभाग को निर्देश दिए कि सर्वे और रिपोर्टिंग की प्रक्रिया को सरल और तेज किया जाए। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि किसानों को सरकारी योजनाओं की पूरी जानकारी गांव स्तर पर दी जाए, ताकि वे किसी भी लाभ से वंचित न रहें।इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कृषि यांत्रिकीकरण और आधुनिक खेती को बढ़ावा देने की बात भी कही। उन्होंने बताया कि सरकार ड्रोन तकनीक, मृदा परीक्षण और उन्नत बीजों के उपयोग को प्रोत्साहित कर रही है, जिससे उत्पादन बढ़े और किसानों की आय में सुधार हो। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से किसानों को नई तकनीकों से जोड़ा जाए।













