नई दिल्ली : हरी सब्जियां अपने आप में सेहत के लिए वरदान है लेकिन कुछ हरी सब्जियों गुणों का खान होती है. हममें से अधिकांश लोग सोयाबीन खाते हैं लेकिन यह ड्राई सोयाबीन होता है. आपको जानकर आश्चर्य होगा कि जिस चीज से प्रोसेस होकर सोयाबीन बनता है वह पहले हरी फलियां होती है. चूंकि सोयाबीन अपने आप में प्रोटीन का खजाना होता है लेकिन हरी फलियां तो पोषक तत्वों का बाप होता है. इसे एडामे बीन्स कहा जाता है या कच्चा सोयबीन्स. फोर्ब्स ने डॉक्टरों के हवाले से बताया कि एडामे बीन्स प्लांट बेस्ड प्रोटीन के स्रोतों में सबसे अधिक पोषक तत्वों से भरा होता है. एडामे बीन्स के सेवन से धमनियों पर चोट मार रहे खून को काबू में किया जा सकता है. यानी जब खून के प्रेशर बढ़ता है तो हाई ब्लड प्रेशर होता है. इतना ही नहीं एडामे बीन्स ब्लड शुगर को भी कंट्रोल में रखता है और यह ब्रेस्ट कैंसर को भी बढ़ने से रोक सकता है.
हरी सब्जी एडामे बीन्स गुणों का भंडार है. इसमें प्रचूर मात्रा में प्रोटीन तो होता ही है, इसके अलावा कई तरह के विटामिन, फाइबर, आइसोफ्लावोंस और एंटीऑक्सीडेंट्स भी होते हैं. एक कप एडामे बीन्स ही आपको 188 कैलोरी मिल जाएगी. वहीं एक कप एडामे बीन्स में 18 ग्राम प्रोटीन और 8 ग्राम फाइबर होता है. इसी से समझा जा सकता है कि एडामे बीन्स कितना पावरफुल है. एडामे बीन्स में फॉलेट, मैग्नीशियम, फोस्फोरस, कॉपर और पोटैशियम जैसे तत्व भी होते हैं.
हरी सब्जी एडामे बीन्स गुणों का भंडार है. इसमें प्रचूर मात्रा में प्रोटीन तो होता ही है, इसके अलावा कई तरह के विटामिन, फाइबर, आइसोफ्लावोंस और एंटीऑक्सीडेंट्स भी होते हैं. एक कप एडामे बीन्स ही आपको 188 कैलोरी मिल जाएगी. वहीं एक कप एडामे बीन्स में 18 ग्राम प्रोटीन और 8 ग्राम फाइबर होता है. इसी से समझा जा सकता है कि एडामे बीन्स कितना पावरफुल है. एडामे बीन्स में फॉलेट, मैग्नीशियम, फोस्फोरस, कॉपर और पोटैशियम जैसे तत्व भी होते हैं.
एक कप एडामे बीन्स में 14 प्रतिशत पोटैशियम होता है. पोटैशियम सोडियम के असर को बेअसर करता है. सोडियम और अन्य कई कारणों से हाई ब्लड प्रेशर होता है. हाई ब्लड प्रेशर में ब्लड का फ्लो खून की धमनियों पर प्रेशर मारता है जिससे हार्ट पर कई तरह के खतरे हैं. इन सबका जवाब है पोटैशियम. रिसर्च में भी यह साबित हुआ है कि एडामे बीन्स ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करता है.
एक कप एडामे बीन्स में 14 प्रतिशत पोटैशियम होता है. पोटैशियम सोडियम के असर को बेअसर करता है. सोडियम और अन्य कई कारणों से हाई ब्लड प्रेशर होता है. हाई ब्लड प्रेशर में ब्लड का फ्लो खून की धमनियों पर प्रेशर मारता है जिससे हार्ट पर कई तरह के खतरे हैं. इन सबका जवाब है पोटैशियम. रिसर्च में भी यह साबित हुआ है कि एडामे बीन्स ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करता है.
अगर शरीर में कोलेस्ट्रॉल बढ़ गया है तो एडामे बीन्स के सेवन से यह कम हो सकता है. न्यूट्रिएंट्स जर्नल की एक रिसर्च के मुताबिक हरी एडामे सब्जी कोलेस्ट्रॉल के जोखिम को कम करता है. रिसर्च में पाया गया कि एडामे सब्जी से बैड कोलेस्ट्रॉल और ट्राइग्लिसेराइड्स कम होते हैं. एडामे से हर तरह के हार्ट की बीमारी के जोखिम को कम किया जा सकता है.
अगर शरीर में कोलेस्ट्रॉल बढ़ गया है तो एडामे बीन्स के सेवन से यह कम हो सकता है. न्यूट्रिएंट्स जर्नल की एक रिसर्च के मुताबिक हरी एडामे सब्जी कोलेस्ट्रॉल के जोखिम को कम करता है. रिसर्च में पाया गया कि एडामे सब्जी से बैड कोलेस्ट्रॉल और ट्राइग्लिसेराइड्स कम होते हैं. एडामे से हर तरह के हार्ट की बीमारी के जोखिम को कम किया जा सकता है.
एडामे बीन्स ब्लड शुगर को भी कंट्रोल करने में माहिर है. हरी एडामे सब्जी में फाइबर ज्यादा होता है और कार्बोहाइड्रेट कम होता है. इस दोनों का कॉम्बिनेशन ब्लड शुगर को कम करता है. एडामे बीन्स में कई तरह के माइक्रोन्यूट्रेंट्स भी होते हैं. ये सब मिलकर इंसुलिन रेजिस्टेंस को कम करता है और ब्लड शुगर को कम करने में मदद करता है.
एडामे बीन्स ब्लड शुगर को भी कंट्रोल करने में माहिर है. हरी एडामे सब्जी में फाइबर ज्यादा होता है और कार्बोहाइड्रेट कम होता है. इस दोनों का कॉम्बिनेशन ब्लड शुगर को कम करता है. एडामे बीन्स में कई तरह के माइक्रोन्यूट्रेंट्स भी होते हैं. ये सब मिलकर इंसुलिन रेजिस्टेंस को कम करता है और ब्लड शुगर को कम करने में मदद करता है.
चूंकि एडामे में बहुत अधिक मात्रा में फाइबर और प्रोटीन होता है. इसलिए यह भूख के अहसास को बहुत कम करता है. ऐसे में जो लोग वजन कम करना चाहते हैं उनके लिए एडामे की हरी सब्जी बहुत फायदेमंद है. स्टडी में पाया गया कि एडामे सब्जी के सेवन से भूख को कंट्रोल करने वाले हार्मोन रिलीज होता है. इससे ज्यादा खाने पर ब्रेक लगता है. अध्ययन के मुताबिक एडामे के सेवन से फैट प्रतिशत और वेस्ट सरकमफेरेंस कम होता है.
चूंकि एडामे में बहुत अधिक मात्रा में फाइबर और प्रोटीन होता है. इसलिए यह भूख के अहसास को बहुत कम करता है. ऐसे में जो लोग वजन कम करना चाहते हैं उनके लिए एडामे की हरी सब्जी बहुत फायदेमंद है. स्टडी में पाया गया कि एडामे सब्जी के सेवन से भूख को कंट्रोल करने वाले हार्मोन रिलीज होता है. इससे ज्यादा खाने पर ब्रेक लगता है. अध्ययन के मुताबिक एडामे के सेवन से फैट प्रतिशत और वेस्ट सरकमफेरेंस कम होता है.
एडामे में एस्ट्रोजन की तरह एक कंपाउड होता है जिसे आइसोफ्लेवोंस कहते हैं. आइसोफ्लोवेंस शरीर में एस्ट्रोजन को रिसेप्टर से चिपकने से रोकता है. इससे एस्ट्रोजन का प्रोडक्शन कम होता है. अगर एस्ट्रोजन का प्रोडक्शन कम हो जो ब्रेस्ट कैंसर का खतरा कम हो जाता है. इसके अलावा एडामे में एंटीऑक्सीडेंट्स भी पाए जाते हैं जो ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस को रोकता है और सैलुलर डैमेज से भी बचाता है. ये दोनों बात ब्रेस्ट कैंसर से महिलाओं को बचा सकता है.
एडामे में एस्ट्रोजन की तरह एक कंपाउड होता है जिसे आइसोफ्लेवोंस कहते हैं. आइसोफ्लोवेंस शरीर में एस्ट्रोजन को रिसेप्टर से चिपकने से रोकता है. इससे एस्ट्रोजन का प्रोडक्शन कम होता है. अगर एस्ट्रोजन का प्रोडक्शन कम हो जो ब्रेस्ट कैंसर का खतरा कम हो जाता है. इसके अलावा एडामे में एंटीऑक्सीडेंट्स भी पाए जाते हैं जो ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस को रोकता है और सैलुलर डैमेज से भी बचाता है. ये दोनों बात ब्रेस्ट कैंसर से महिलाओं को बचा सकता है.
एडामे में पोटैशियम, फॉस्फोरस, मैग्नीशियम सहित कई तरह के मिनिरल्स होते हैं. ये सारे मिनिरल्स हड्डियों की मजबूती के लिए जरूरी है. एडामे साबुत अनाज का बहुत बड़ा स्रोत है. इसमें पर्याप्त मात्रा में कैल्शियम भी होता है. रिसर्च के मुताबिक एडामे हड्डियों की बीमारी ऑस्टियोपोरोसिस को भी रोकने में मदद करता है. यानी यदि आपको अपनी हड्डियों को चट्टान बनाना है तो एडामे बीन्स का सेवन करें.
एडामे में पोटैशियम, फॉस्फोरस, मैग्नीशियम सहित कई तरह के मिनिरल्स होते हैं. ये सारे मिनिरल्स हड्डियों की मजबूती के लिए जरूरी है. एडामे साबुत अनाज का बहुत बड़ा स्रोत है. इसमें पर्याप्त मात्रा में कैल्शियम भी होता है. रिसर्च के मुताबिक एडामे हड्डियो के बीमारी ऑस्टियोपोरोसिस को भी रोकने में मदद करता है. यानी यदि आपको अपनी हड्डियों को चट्टान बनाना है।













