नई दिल्ली : दुनियाभर में कई बड़ी जेल मौजूद हैं, जहां खतरनाक और खूंखार अपराधियों को कैद करके रखा गया है। भारत में तिहाड़, या येरवडा जेल के बारे में तो लगभग सभी लोग जानते हैं, जहां हजारों कैदी रहते हैं। लेकिन क्या आप दुनिया की सबसे छोटी जेल के बारे में जानते हैं? अगर नहीं तो आइए हम आपको बताते हैं। दरअसल दुनिया में एक जेल ऐसी भी है, जहां केवल दो कैदियों के रहने की जगह है। यह जेल ब्रिटेन के सबसे छोटे आइलैंड पर बनी हुई है, जो 168 साल पुरानी है।
एक न्यूज रिपोर्ट के मुताबिक इंग्लिश चैनल में मौजूद सर्क आइलैंड पर बनी ‘सर्क जेल’ को दुनिया की सबसे छोटी जेल का दर्जा दिया गया है। इस जेल का निर्माण साल 1856 में किया गया था, जिसके मात्र 2 ही कैदी रह सकते हैं। हैरानी की बात ये है कि इतने सालों में भी इस जेल में कोई खास बदलाव नहीं हुआ है।
इतने सालों में जेल के अंदर का लुक जरूर कुछ हद तक बदल गया है। इसके अलावा यहां पानी, टॉयलेट और बिजली की व्यवस्था कर दी गई है। सर्क आइलैंड 5.4 स्क्वायर किलोमीटर में फैला हुआ है, जहां करीब 562 लोग रहते हैं।
168 साल पुरानी जेल
इस जेल को बनाने का ऑर्डर कोर्ट ने साल 1832 में दिया था, लेकिन इसे पूरा होने में 24 साल लग गए थे। इसके पीछे की वजह ये थी क्योंकि किसी के पास भी इसे बनाने के लिए पैसे नहीं थे। इस जेल को अंदर से दो हिस्सों में बांट दिया गया है, जिससे दो कमरे निकल गए हैं।
इसके एक कमरा 6 बाय 6 फीट और दूसरा 6 बाय 8 फीट का है। दोनों ही कमरों में कैदियों के लिए लकड़ी के पतले बिस्तर लगे हैं। इस जेल में अधिकतम 2 से 3 दिन के लिए ही कैदी को रखा जा सकता है। हालांकि, खास बात ये भी है कि इस आइलैंड पर कोई गंभीर अपराध नहीं होता है। यही वजह है कि इस आइलैंड पर केवल दो ही पुलिसकर्मी हैं।
एक रिपोर्ट के मुताबिक, इस आइलैंड पर रह चुके लोगों का यह भी दावा है कि यहां कई लोगों पर आपराधिक मामले हैं, जिनमें शराब के नशे में ड्राइविंग जैसे कई अन्य मामले शामिल हैं। लेकिन यहां संसाधनों की कमी होने के कारण उनके ऊपर कोई कार्रवाई नहीं की गई है। इसलिए इस जेल का भी इस्तेमाल बहुत अधिक नहीं होता है।













