रायपुर, 14 दिसंबर 2025 — छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य की शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से सरकारी स्कूलों में डिजिटल सुविधाओं के विस्तार का फैसला लिया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के मार्गदर्शन में स्कूल शिक्षा विभाग ने प्राथमिक, माध्यमिक और उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों में स्मार्ट क्लासरूम, डिजिटल बोर्ड और ऑनलाइन अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। सरकार का मानना है कि इससे ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के छात्रों को समान शिक्षा अवसर मिल सकेंगे और पढ़ाई की गुणवत्ता में सुधार होगा। शिक्षा विभाग के अनुसार, पहले चरण में राज्य के हजारों सरकारी स्कूलों को इस योजना में शामिल किया गया है, जहाँ इंटरनेट कनेक्टिविटी, कंप्यूटर लैब और डिजिटल शिक्षण उपकरण लगाए जा रहे हैं। इसके साथ ही शिक्षकों को भी नई तकनीक के उपयोग के लिए विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है, ताकि वे डिजिटल माध्यम से प्रभावी ढंग से पढ़ा सकें। मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा ही राज्य के भविष्य की नींव है और किसी भी बच्चे को संसाधनों की कमी के कारण पीछे नहीं रहना चाहिए। इस पहल का उद्देश्य ड्रॉपआउट दर को कम करना और छात्रों की सीखने की रुचि बढ़ाना है। ग्रामीण क्षेत्रों के अभिभावकों ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि अब उनके बच्चों को भी आधुनिक शिक्षा का लाभ मिलेगा। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया कि डिजिटल शिक्षा के साथ-साथ पारंपरिक पढ़ाई पर भी समान ध्यान दिया जाएगा, ताकि छात्रों का सर्वांगीण विकास हो सके। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की पहल से छत्तीसगढ़ में शिक्षा का स्तर बेहतर होगा और छात्र भविष्य की प्रतिस्पर्धाओं के लिए तैयार हो सकेंगे।













