नई दिल्ली:– केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोमवार को दक्षिण 24 परगना के मथुरापुर से अपनी परिवर्तन यात्रा की शुरुआत करते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी पर तीखा हमला बोला। अमित शाह ने कहा कि अभी तक वोटर लिस्ट से घुसपैठियों के नाम कट रहे हैं, इसलिए ममता बनर्जी को परेशानी हो रही है। उन्होंने दावा किया कि अगर बंगाल में भाजपा की सरकार बनती है, तो एक-एक घुसपैठिए को चुन-चुनकर बंगाल से बाहर निकाला जाएगा।
उन्होंने पंचायत चुनाव के दौरान बीजेपी कार्यकर्ताओं पर हुए हमलों का जिक्र करते हुए कहा कि कई लोगों की जान चली गई, कई अपाहिज हुए और कई आज भी घर नहीं लौटे। शाह ने कहा, “ममता दीदी को लगता है कि इनके इस आतंक से भाजपा वाले डर जाएंगे। मगर मैं आज मथुरापुर से कहकर जाता हूं कि एक बार भाजपा की सरकार बना दीजिए। हम ममता बनर्जी के गुंडों को उल्टा लटकाकर सीधा करने का काम करेंगे। एक-एक को चुनकर जेल की सलाखों के पीछे डाल दिया जाएगा।”
ममता बनर्जी पर आरोप
अमित शाह ने कहा कि ममता बनर्जी का उद्देश्य बंगाल की जनता का कल्याण नहीं है, बल्कि उनका मकसद अभिषेक बनर्जी को मुख्यमंत्री बनाना है। उन्होंने राज्य में हुए विभिन्न घोटालों का जिक्र किया, जिनमें शिक्षक भर्ती, नगर निगम भर्ती, गाय तस्करी, PDS राशन, मनरेगा और पीएम आवास योजना घोटाले शामिल हैं। शाह ने आरोप लगाया कि इन घोटालों को संरक्षण देने वाले DGP को ममता राज्यसभा भेज रही हैं।
मदरसों और बजट पर तंज
शाह ने कहा कि हाल ही में पश्चिम बंगाल का बजट पास हुआ, जिसमें साइंस और टेक्नोलॉजी के लिए सिर्फ 80 करोड़ रुपये दिए गए, जबकि मदरसों को 5,700 करोड़ रुपये मिले। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या TMC की प्राथमिकता युवाओं को रोज़गार देना है या मदरसों की संख्या बढ़ाना? उन्होंने कहा कि यह तुष्टिकरण बंगाल के विकास में बाधा है और राज्य 8 लाख करोड़ रुपये के ऋण में डूबा हुआ है।
कर्मचारियों और वेतन आयोग पर बयान
अमित शाह ने कहा कि बंगाल के सभी कर्मचारियों ने पिछले 15 सालों में ममता सरकार की मदद की, लेकिन उन्हें 7वां वेतन आयोग नहीं मिला। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अगर भाजपा की सरकार बनती है, तो 45 दिन के अंदर सातवें वेतन आयोग की तनख्वाह लागू कर दी जाएगी।












