रायपुर, 23 दिसंबर 2025 — छत्तीसगढ़ में शीतकाल का असर तेज़ी से बढ़ने लगा है। प्रदेश के कई जिलों में सुबह और रात के समय ठंड और हल्के कोहरे की स्थिति देखने को मिल रही है। मौसम विभाग के अनुसार उत्तर और मध्य छत्तीसगढ़ के क्षेत्रों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे आम जनजीवन प्रभावित होने लगा है। इसे देखते हुए राज्य के स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों के लिए सतर्कता सलाह जारी की है, खासकर बुजुर्गों, बच्चों और पहले से बीमार लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने को कहा गया है।स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि ठंड के मौसम में सर्दी-खांसी, वायरल फीवर, सांस संबंधी बीमारियों और जोड़ों के दर्द की शिकायतें बढ़ जाती हैं। जिला अस्पतालों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को अलर्ट मोड पर रखा गया है ताकि मरीजों को समय पर उपचार मिल सके। डॉक्टरों को निर्देश दिए गए हैं कि वे ठंड से जुड़ी बीमारियों पर विशेष ध्यान दें और आवश्यक दवाइयों की उपलब्धता सुनिश्चित करें।मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार आने वाले कुछ दिनों में न्यूनतम तापमान और गिर सकता है। सुबह के समय कोहरे के कारण सड़क यातायात पर भी असर पड़ रहा है। प्रशासन ने वाहन चालकों को धीमी गति से वाहन चलाने और सावधानी बरतने की सलाह दी है। कुछ जिलों में स्कूलों के समय में भी हल्का बदलाव किया गया है ताकि छोटे बच्चों को ठंड से राहत मिल सके।स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने नागरिकों को गर्म कपड़े पहनने, ठंडे पानी से बचने और पर्याप्त पोषण लेने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि ठंड में शरीर की रोग-प्रतिरोधक क्षमता कमजोर हो सकती है, इसलिए नियमित रूप से गर्म भोजन, सूप और तरल पदार्थ लेना लाभकारी है। साथ ही धूम्रपान और ठंडी हवा के सीधे संपर्क से बचने की भी अपील की गई है।ग्रामीण क्षेत्रों में प्रशासन द्वारा अलाव जलाने और जरूरतमंद लोगों को कंबल वितरित करने की व्यवस्था भी की जा रही है। नगर निगम और पंचायत स्तर पर ठंड से बचाव के लिए आवश्यक इंतजाम किए जा रहे हैं। आम नागरिकों ने सरकार और प्रशासन की इस पहल की सराहना की है।













