मध्यप्रदेश:- करवा चौथ का व्रत एक नवंबर को मनाया जाएगा इस दिन सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु के लिए निर्जला उपवास रखती हैं और शाम को पति के हाथों से जल पीकर व्रत खोलती है। इस व्रत के कई सारे नियम बताए गए हैं, जिनका पालन करना बेहद जरूरी होता है। लेकिन इस दिन कई ऐसी बातें हैं जो महिलाओं को नहीं करनी चाहिए। अन्यथा उन्हें व्रत का लाभ की जगह हानि का भी सामना करना पड़ सकता है। ज्योतिषाचार्य बताते हैं कि इस दिन कई चीजे हैं जो महिलाओं को भूलकर भी नहीं करनी चाहिए।
इन चीजों का दान ना करें
ज्योतिषाचार्य बताते हैं कि करवा चौथ के दिन महिलाओं को भूलकर भी सुहाग सामग्री का दान नहीं करना चाहिए। सुहाग सामग्री महिला के सुहाग की निशानी होती है और इस दिन इन चीजों का दान करने से व्रत का लाभ होने के बजाय उन्हें नुकसान हो सकता है।
उन्होंने कहा कि महिलाओं को इस पर्व पर सुहाग की चीजों का दान नहीं करना चाहिए। ऐसा करने से आपकी शादीशुदा जिंदगी में परेशानी बढ़ सकती है। खासतौर, पर जिन चीजों को सुहाग का प्रतीक माना गया है जैसे – चूड़ी, बिंदी, सिंदूर, मेहंदी, मंगलसूत्र, बिछुआ, आलता आदि। हालांकि व्रत का पारण करने के बाद या फिर अगले दिन अपनी सास को सुहाग की सामग्री दे सकते हैं, जिससे आपके संबंध में मिठास आएगी।
ज्योतिषाचार्य ने बताया कि इसके अलावा कई ऐसी चीज हैं जिनका ध्यान व्रत के दिन रखने की आवश्यकता है। जिसमें काले वस्त्रों का इस्तेमाल वर्जित है।उन्होंने कहा कि काले वस्त्र और कोई भी काली वस्तु पहनना तो दूर इसका ध्यान भी नहीं करना चाहिए।
व्रत के दिन महिलाओं को दिन में सोना नहीं चाहिए, इससे व्रत पूरा नहीं होता है। हालांकि जिन महिलाओं को स्वास्थ्य संबंधी शिकायतें हैं उनके लिए इसकी छूट है. चंद्रोदय के बाद ही चंद्रमा को अर्घ्य देना चाहिए. साथ ही व्रत के बाद उन्हें माता गौरी के पूजा की व्रत कथा भी सुननी चाहिए।
ये भी कहा जाता है कि व्रत के दौरान काली और सफेद चीजों के उपयोग से बचना चाहिए। इसके अलावा व्रत के दौरान, सोना नहीं चाहिए। साथ ही तामसिक चीजों का उपयोग भूलकर भी नहीं करना चाहिए। क्योंकि इसका असर निजी जिंदगी पर पड़ता है।
करवा चौथ पर क्या करें
करवा चौथ के दौरान व्रतियों को सरगी का सेवन अवश्य करना चाहिए। इसके अलावा इस शुभ दिन पर सोलह शृंगार करना चाहिए और शिव परिवार की पूजा करनी चाहिए।











